शनिवार, मई 21, 2011

मै जिन्दा हूं

पता नहीं कैसे  हुआ मै दुनिया से कुछ दिन के लिए कट गया . कारण रहा मेरा लैपटाप जो काल के गाल में समा गया . हुआ यह जब से लिया था तब से बिना एंटी वायरस के बिंदास काम कर रहा था . सयानो की सलाह से उसमे एंटी वायरस वह भी खरीद कर डाला और उसे डालते ही एंटी वायरस ही उसका काल बन गया . आजतक वायरस जो नुक्सान ना पहुचा पाया वह एंटी वायरस ने पहुचा दिया . तमाम जरुरी दस्तावेज ,फोटो गायब हो गए जो अब कभी नहीं मिल पायेंगे .

खैर अब दुबारा से मै लौट आया हूँ .  सब तैयारी के साथ . आज २१ मई को दुनिया भी ख़त्म नहीं हुई . ना होने थी इसलिए एक डर भी निकल गया है कल आधी रात के बाद चली आधी और तूफ़ान ने एक बार को तो डरा ही दिया था . लेकिन दिल को  तसल्ली थी रजनीकान्त ने दुनिया बचाने के लिए अस्पताल में जाना स्वीकार कर लिया .

खैर अब दूबारा आ ही गए  तो मिलते रहेंगे

13 टिप्‍पणियां:

  1. आप सकुशल हैं। बधाई। ये रजनीकांत कौन है?

    उत्तर देंहटाएं
  2. एंटी वायरस के मामले में ऐसा नहीं होना चाहिये। आपके साथ कहीं धोखा तो नहीं हुआ है? बाकी, रजनीकांत बच गये हैं तो दुनिया भी बच ही जायेगी।

    उत्तर देंहटाएं
  3. @आजतक वायरस जो नुक्सान ना पहुचा पाया वह एंटी वायरस ने पहुचा दिया.

    HAMARE SATH BHI YAHI HUA. ISLIYE ROMAN ME LIKH RAHE HAIN.

    VAPSI KI BADHAI.

    उत्तर देंहटाएं
  4. वापसी पर बधाइयाँ और शुभकामनाएं !

    उत्तर देंहटाएं
  5. एंटी वैरस न हुआ एंटी बयोटिक हो गया:)

    उत्तर देंहटाएं
  6. चलिये, अच्छा लगा वापस आये..स्वागत है. अब जारी हो जायें और आगे से बैक अप रखने की आदत डालें.

    उत्तर देंहटाएं
  7. वैलकम बैक जी।

    एंटी-वायरस से वायरस फ़ैल गया? गज़ब।

    उत्तर देंहटाएं
  8. चलिये इस बार अच्छा एन्टी वायरस डालियेगा...

    उत्तर देंहटाएं

आप बताये क्या मैने ठीक लिखा